सोलन अंतरराष्ट्रीय स्पोर्ट्स फीफा फिजियोथेरेपिस्ट डॉ. कुशल कुमार तिवारी ने हिमाचल प्रदेश, विशेषकर सोलन के खिलाड़ियों को गर्मियों के मौसम में स्वास्थ्य और फिटनेस को लेकर महत्वपूर्ण सलाह दी है। उन्होंने कहा कि खिलाड़ी अक्सर हाइड्रेशन को हल्के में लेते हैं, जबकि शरीर में पर्याप्त पानी की मात्रा न केवल प्रदर्शन को बेहतर बनाती है बल्कि चोटों से भी बचाती है। डॉ. तिवारी के अनुसार शरीर में पानी की कमी होने पर मांसपेशियों में खिंचाव बढ़ जाता है, जिससे क्रैंप्स और मांसपेशियों के फटने का खतरा बढ़ जाता है। इसके साथ ही फेफड़ों की क्षमता भी प्रभावित होती है, जिससे खिलाड़ियों की कार्यक्षमता पर सीधा असर पड़ता है।
उन्होंने खिलाड़ियों को सुबह 7 से 8 बजे से पहले अथवा शाम 5:30 बजे के बाद अभ्यास करने की सलाह दी, ताकि तेज धूप और गर्मी के दुष्प्रभावों से बचा जा सके। डॉ. तिवारी ने नींबू, चुकंदर, खीरा और पुदीना मिलाकर तैयार किए गए डिटॉक्स वाटर के सेवन की भी सलाह दी। उन्होंने बताया कि ट्रेनिंग के बाद 15 से 30 मिनट के भीतर ठंडे पानी से स्नान करने से शरीर में जमा लैक्टिक एसिड बाहर निकलने में मदद मिलती है और इंजरी का खतरा कम होता है। उनका कहना है कि यदि खिलाड़ी इन सरल लेकिन महत्वपूर्ण सुझावों का पालन करें तो वे गर्मियों में भी अपनी फिटनेस और प्रदर्शन को बेहतर बनाए रख सकते हैं।