हिमाचल प्रदेश सरकार ने किसानों को राहत देते हुए फसल बीमा योजना के तहत आवेदन करने की अंतिम तिथि बढ़ाकर 15 अगस्त कर दी है। कृषि विभाग के निदेशक डॉ. देवराज कश्यप ने किसानों से समय रहते अपनी फसलों का बीमा करवाने की अपील की है, ताकि प्राकृतिक आपदा से होने वाले नुकसान की स्थिति में उन्हें आर्थिक सुरक्षा मिल सके।
डॉ. कश्यप ने बताया कि किसानों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए विभिन्न फसलों के लिए प्रीमियम की दरें निर्धारित की गई हैं। मक्की की फसल के लिए प्रीमियम 96 रुपये, धान के लिए 6 रुपये प्रति बीघा तथा टमाटर और अदरक जैसी नकदी फसलों के लिए 8,800 रुपये प्रीमियम तय किया गया है।
उन्होंने कहा कि बदलते मौसम और प्राकृतिक आपदाओं के कारण किसानों को अक्सर भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ता है। ऐसे में फसल बीमा योजना किसानों के लिए सुरक्षा कवच का कार्य करती है। बीमा होने की स्थिति में नुकसान का आकलन होने पर किसानों को निर्धारित नियमों के अनुसार मुआवजा प्राप्त हो सकता है।
कृषि निदेशक ने सभी किसानों से आग्रह किया कि वे अंतिम तिथि का इंतजार न करें और 15 अगस्त से पहले अपनी फसलों का बीमा अवश्य करवा लें। उन्होंने कहा कि समय पर बीमा कराने से किसानों की मेहनत और निवेश दोनों सुरक्षित रहेंगे तथा विपरीत परिस्थितियों में उन्हें आर्थिक सहायता मिल सकेगी। कृषि विभाग ने भी किसानों को योजना का अधिक से अधिक लाभ उठाने की अपील की है।
सोलन : फसल बीमा योजना के आवेदन की अंतिम तिथि 15 अगस्त तक बढ़ी, किसान समय पर कराएं बीमा