सोलन। मौसम में आ रहे बदलाव के साथ ही स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं बढ़ने लगी हैं। विशेषकर ठंड का असर बढ़ते ही वायरल इंफेक्शन, खांसी-जुकाम और सांस संबंधी रोगों के मामले तेजी से सामने आ रहे हैं। इस दौरान बच्चों और बुजुर्गों को विशेष रूप से सतर्क रहने की जरूरत है। यह जानकारी डॉ. अमित रंजन तलवाड़ ने दी। उन्होंने बताया कि जैसे-जैसे ठंड बढ़ती है, वायरल संक्रमण, फ्लू और निमोनिया के मामले बढ़ने लगते हैं। खासकर छोटे बच्चों और वृद्ध लोगों में संक्रमण के निमोनिया में बदलने की संभावना अधिक रहती है। वहीं अस्थमा (दमा) के मरीजों को भी इस मौसम में विशेष सावधानी बरतनी चाहिए, क्योंकि ठंडी हवा और नमी से सांस की तकलीफ बढ़ सकती है। डॉ. तलवाड़ ने बताया कि डेंगू के मामले अब कम हो रहे हैं, क्योंकि ठंड के मौसम में मच्छरों की सक्रियता घट जाती है। अब तक जिले में डेंगू के कुल 47 मामले सामने आए हैं, जो पिछले वर्ष की तुलना में काफी कम हैं। वहीं स्क्रब टाइफस के अब तक 32 केस दर्ज किए गए हैं, जिनमें हाल ही में दो मरीजों का उपचार ओपीडी आधार पर किया गया है। उन्होंने नागरिकों से अपील की कि जुकाम, बुखार या खांसी जैसे लक्षण दिखते ही डॉक्टर से परामर्श लें और बुजुर्ग लोग नियमित रूप से अपना ब्लड प्रेशर जांचते रहें। समय पर जांच और सावधानी से ही सर्दी के मौसम में स्वास्थ्य को सुरक्षित रखा जा सकता है।byte Dr.Amit Ranjan Talwar