सोलन के सनवारा टोल प्लाजा में गत रात्रि एक बार फिर माहौल हिंसक हो उठा। ओवरलोडिंग के पैसे को लेकर ट्रक चालक और टोल प्लाजा कर्मचारियों के बीच शुरू हुई बहस देखते ही देखते झगड़े में तब्दील हो गई। टोल कर्मचारियों का आरोप था कि ट्रक ओवरलोड है, जबकि ट्रक चालक ने साफ इनकार कर दिया और बताया कि न तो उसका ट्रक ओवरलोड है और न ही मशीन में ऐसा कोई डाटा दर्ज है। मामले ने उस समय तूल पकड़ा जब ट्रक चालक के समर्थन में कई अन्य चालकों ने मौके पर डेरा जमा लिया और टोल प्लाजा कर्मियों के खिलाफ मोर्चा खोल दिया। बात गाली-गलौज से शुरू हुई और देखते ही देखते हाथापाई व मारपीट तक जा पहुंची। सूचना पर पहुंची पुलिस के सामने भी हंगामा थमा नहीं और दोनों पक्ष भिड़े रहे।गंभीर चिंता की बात यह है कि यह कोई पहली घटना नहीं, बल्कि ऐसी घटनाएं टोल प्लाजा पर बार-बार सामने आ रही हैं। टोल कर्मियों की कथित दबंगई और ट्रक चालकों का गुस्सा अब खुले टकराव का रूप ले चुका है। घटना में दो से तीन लोगों के गंभीर रूप से घायल होने की सूचना है।
ट्रक चालकों का आरोप है कि उन्हें मशीन से क्लीयर होने के बावजूद जबरन ओवरलोडिंग के नाम पर पैसे लिए जा रहे हैं और विरोध करने पर मारपीट की जाती है। उन्होंने कहा कि वह निर्णय कर चुके है कि वह अब नियमानुसार ही शुल्क देंगे। जब गाडी ही ओवर लोड नहीं है तो वह शुल्क किस बात का दें। जिसका वह विरोध कर रहे है लेकिन टोल प्लाज़ा वाले मान ही नहीं रहे है।
क्या टोल प्लाजा अब कानून से ऊपर हो चुके हैं? प्रशासन को इस पर सख्त कार्रवाई करनी होगी, वरना आने वाले दिनों में यहां और बड़ा हंगामा हो सकता है।
सनवारा टोल प्लाजा फिर बना जंग का मैदान, ओवरलोडिंग को लेकर ट्रक चालकों और कर्मचारियों में जबरदस्त भि*ड़ंत