समाज में बढ़ती आपराधिक घटनाओं को देखते हुए, कोटला नाला स्थित यूरो किड्स प्ले स्कूल में बच्चों की आत्म-सुरक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से ‘गुड टच और बैड टच’ विषय पर एक विशेष कार्यशाला आयोजित की गई। इस अवसर पर जानकारी देते हुए सीमा बहल ने बताया कि इस वर्कशॉप का उद्देश्य बच्चों को यह सिखाना है कि वे स्नेहपूर्ण स्पर्श और गलत इरादे से किए गए स्पर्श के बीच अंतर को पहचान सकें। उन्होंने कहा कि आज के समय में बच्चों के लिए इस विषय की जानकारी अत्यंत आवश्यक है ताकि वे किसी भी असामाजिक तत्व का सामना आत्मविश्वास से कर सकें।स्कूल की प्रधानाचार्य सीमा बहल ने बताया कि इस वर्कशॉप के माध्यम से बच्चों को आत्मरक्षा के उपाय और खतरे की स्थिति में प्रतिक्रिया देना भी सिखाया गया। कार्यक्रम का संदेश केवल छात्रों तक सीमित नहीं रहा, बल्कि माता-पिता और समाज को भी बच्चों की सुरक्षा के प्रति सजग रहने का आह्वान किया गया। सीमा बहल ने कहा कि ऐसे जागरूकता कार्यक्रमों से ही हम अपने बच्चों को सुरक्षित भविष्य दे सकते हैं। स्कूल प्रबंधन ने यह भी आश्वासन दिया कि इस तरह की वर्कशॉप नियमित रूप से आयोजित की जाती रहेंगी, ताकि बच्चों में आत्म-सुरक्षा की समझ और जिम्मेदारी दोनों विकसित हो सकें।