जौणाजी रोड की हालत इतनी बदतर हो चुकी है कि यहां चलना खतरे से खाली नहीं। पिछले तीन साल से सड़क पर पानी की पाइपें लीक कर रही हैं, पर विभागों के कान पर जूं तक नहीं रेंगी। स्थानीय निवासी कमल जून्टा ने बताया कि कई बार शिकायत करने के बावजूद न तो नगर निगम कुछ करता है, न ही आईपीएच विभाग। दोनों ही जिम्मेदारी से पल्ला झाड़ते हैं — कोई कहता है “लाइन हमारी नहीं”, तो दूसरा “यह इलाका हमारे अधिकार में नहीं”।कमल जून्टा ने बताया कि अनदेखी की वजह से सड़क हमेशा गीली रहती है, जिस पर रोज कोई न कोई फिसल कर गिरता है। ठंड में पाला पड़ते ही हाल और खतरनाक हो जाता है। कल रात एक बाइक सवार भी इसी फिसलन भरी सड़क का शिकार बन गया। बरसात में हालत और भयावह हो जाती है — सड़क गड्ढों और पानी से तालाब बन जाती है, जबकि PWD की नालियां महीनों से बंद पड़ी हैं। स्थानीयों लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि इस सालों पुरानी समस्या पर तुरंत कार्रवाई की जाए। लोगों का कहना है कि जब तक विभाग जिम्मेदारी तय नहीं करेंगे, तब तक यह सड़क किसी बड़ी जानलेवा दुर्घटना का कारण बनती रहेगी।बाइट कमल जून्टा