हिमफेड के चेयरमैन महेश्वर सिंह चौहान आज सोलन पहुँचे, जहाँ उन्होंने बागवानी और कृषि से जुड़ी योजनाओं की प्रगति की समीक्षा की। उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश सरकार किसान और बागवानों के हितों के प्रति पूरी तरह वचनबद्ध है। प्रदेश में बागवानी को प्राथमिकता क्षेत्र घोषित किया गया है। “सेब राज्य” के रूप में प्रसिद्ध हिमाचल आज देश में सबसे अधिक सेब उत्पादन करने वाला राज्य है। राज्य सरकार बागवानों के उत्थान के लिए बड़े स्तर पर योजनाएं लागू कर रही है, जिनका उद्देश्य किसानों और बागवानों की आय में स्थायी वृद्धि सुनिश्चित करना है। चौहान ने बताया की हिमाचल की अर्थव्यवस्था का महत्वपूर्ण आधार बन चुकी सेब की खेती में युवाओं की भूमिका बेहद अहम रही है। जुबल, कोटखाई और कोटगढ़ जैसे क्षेत्रों के युवा बागवान नई तकनीकों को सीखने विदेशों तक जा रहे हैं और वहां से प्राप्त ज्ञान को स्थानीय स्तर पर लागू कर रहे हैं। उनकी मेहनत से नई वैरायटीज विकसित हुई हैं, जिससे पुराने बगीचों को नया जीवन मिला है। इन नवाचारों के कारण राज्य संभावित आर्थिक नुकसान से बच सका है और सेब अर्थव्यवस्था को नई दिशा मिली है। महेश्वर चौहान ने यह भी बतया की बागवानी के साथ-साथ पर्यटन को भी सरकार ने प्राथमिकता क्षेत्र के रूप में चिन्हित किया है। प्राकृतिक सौंदर्य, सांस्कृतिक धरोहर और शांत वातावरण के कारण हिमाचल पर्यटन के क्षेत्र में देश-विदेश के पर्यटकों को आकर्षित कर रहा है। सरकार का लक्ष्य है कि बागवानी और पर्यटन को समानांतर रूप से विकसित कर प्रदेश की अर्थव्यवस्था को और सशक्त बनाया जाए। byte महेश्वर् सिंह