सोलन: जोगिन्द्रा केंद्रीय सहकारी बैंक की 88वीं वार्षिक साधारण सभा सोलन के पैरागोन में आयोजित हुई, जिसमें करीब 250 शेयरधारकों और खाताधारकों ने भाग लिया। इस अवसर पर चेयरमैन मुकेश शर्मा ने बैंक की मजबूत वित्तीय स्थिति और उपलब्धियों का उल्लेख करते हुए बताया कि बैंक का कुल व्यवसाय 2139 करोड़ रुपये से अधिक हो चुका है, जबकि डिपॉजिट 1500 करोड़ रुपये के पार पहुंच गया है। 31 मार्च 2025 तक 711 करोड़ रुपये के ऋण एवं अग्रिम वितरित किए जा चुके हैं। बैंक का सीआरएआर 17.2 प्रतिशत दर्ज किया गया है, जो भारतीय रिजर्व बैंक द्वारा निर्धारित 9 प्रतिशत की न्यूनतम सीमा से काफी अधिक है और बैंक की वित्तीय मजबूती को दर्शाता है।चेयरमैन एडवोकेट मुकेश शर्मा ने बताया कि बैंक का नेट एनपीए पिछले तीन वर्षों से शून्य बना हुआ है, जबकि ग्रॉस एनपीए मात्र 2.76 प्रतिशत है। उत्कृष्ट एनपीए प्रबंधन के लिए बैंक को हाल ही में मुंबई में सम्मानित भी किया गया है और बैड लोन को कवर करने के लिए 100 प्रतिशत प्रोविजनिंग की गई है। डिजिटल सेवाओं के विस्तार पर जोर देते हुए उन्होंने कहा कि जल्द ही नेट बैंकिंग सेवा शुरू की जाएगी और इंफोसिस के सहयोग से ‘फिनेकल 10’ पर माइग्रेशन पूरा हो चुका है, जिससे आगामी महीनों में मोबाइल ऐप के माध्यम से ऋण सहित कई सुविधाएं घर बैठे उपलब्ध होंगी। कथित 100 करोड़ रुपये के फ्रॉड के आरोपों को निराधार बताते हुए उन्होंने स्पष्ट किया कि बैंक के सभी आंकड़े ऑडिटेड और नियंत्रित हैं। उन्होंने बैंक की प्रगति का श्रेय बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स, कर्मचारियों तथा राष्ट्रीय कृषि और ग्रामीण विकास बैंक के सहयोग को दिया।