हिमाचल प्रदेश में डॉ. यशवंत सिंह परमार स्मृति सम्मान समारोह आयोजन समिति ने डॉ. परमार को भारत रत्न देने के लिए विधानसभा में पारित सर्वसम्मत प्रस्ताव का स्वागत किया है। समिति की प्रेसवार्ता की अध्यक्षता संस्थापक अध्यक्ष बलदेव चौहान ने की। इस मौके पर कॉमरेड जगदीश भारद्वाज विशेष रूप से उपस्थित रहे उन्होंने कहा कि परमार न केवल हिमाचल के निर्माता थे बल्कि पहाड़ी राज्यों के लिए नीति निर्माण में उनकी भूमिका ऐतिहासिक रही। भारद्वाज ने विधानसभा के सभी नेताओं और मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुखू का धन्यवाद करते हुए कहा कि परमार वास्तव में भारत रत्न के “हकदार थे, हैं और रहेंगे।अध्यक्ष बलदेव चौहान ने कहा कि डॉ. परमार ने हिमाचल को उसकी अस्मिता दिलाई और उनके योगदान के बिना इस प्रदेश की कल्पना अधूरी रहती। चौहान ने कहा कि परमार की सोच हिमालय जैसी ऊंची थी और उनकी दूरदृष्टि ने ही हिमाचल को विकास के रास्ते पर अग्रसर किया। उन्होंने बताया कि समिति ने अब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू और राज्यपाल से भी आग्रह करने का निर्णय लिया है कि डॉ. परमार को जल्द से जल्द भारत रत्न से अलंकृत किया जाए।बाइट अध्यक्ष बलदेव चौहान