सोलन शहर की स्कॉट टू रोड की जर्जर हालत को लेकर स्थानीय व्यापारी रचित साहनी ने सरकार और लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) के प्रति नाराजगी जताई है। उन्होंने कहा कि लंबे समय से सड़क की बदहाली का मुद्दा उठाया जा रहा है, लेकिन अब तक स्थायी समाधान नहीं किया गया है। उनका कहना है कि यदि समय रहते सड़क की मरम्मत नहीं हुई तो भविष्य में कोई बड़ा हादसा हो सकता है।
रचित साहनी ने आरोप लगाया कि हाल ही में मंत्री विक्रमादित्य सिंह के दौरे से पहले सड़क की वास्तविक स्थिति छिपाने के लिए गड्ढों में केवल मिट्टी डालकर औपचारिकता पूरी कर दी गई। उन्होंने कहा कि मंत्री के दौरे के दौरान कई संबंधित अधिकारी भी मौके पर मौजूद नहीं थे और समस्या का कोई ठोस समाधान सामने नहीं आया। उन्होंने कहा कि इस मुद्दे को लेकर भाजपा मंडल भी विरोध प्रदर्शन कर चुका है, लेकिन सड़क की स्थिति जस की तस बनी हुई है।
उन्होंने बताया कि यह मार्ग सोलन का प्रमुख प्रवेश द्वार है और नेशनल हाईवे से मात्र 100 मीटर की दूरी पर स्थित होने के बावजूद इसकी हालत बेहद खराब है। इसी मार्ग से बिलासपुर, अर्की, कुनिहार सहित कई क्षेत्रों के लोग आवाजाही करते हैं। लगातार बारिश के कारण गड्ढों में पानी भर गया है, जिससे विशेषकर दोपहिया वाहन चालकों के लिए दुर्घटना का खतरा बढ़ गया है।
रचित साहनी ने प्रशासन से अविलंब सड़क की मरम्मत करवाने, जल निकासी की समुचित व्यवस्था करने और लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की है। उन्होंने कहा कि केवल आश्वासन देने के बजाय जमीनी स्तर पर प्रभावी कार्रवाई की जानी चाहिए ताकि आम लोगों को सुरक्षित और सुगम यातायात सुविधा मिल सके।